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Karur Tragedy : क्या भीड़ प्रबंधन में चूक से हुआ करूर हादसा? पुलिस जांच शुरू

By Rajat Sharma

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Karur Tragedy : तमिलनाडु के करूर में शनिवार को एक ऐसी त्रासदी हो गई, जिसने सबको हिला दिया। अभिनेता से राजनेता बने सुपरस्टार विजय की रैली में भगदड़ मच गई, जिसमें कम से कम 39 लोगों की जान चली गई और 95 लोग घायल हो गए। पुलिस का कहना है कि आयोजकों को लग रहा था कि वहां करीब 10 हजार लोग ही आएंगे।

लेकिन हकीकत में तो हालात ऐसे हो गए कि करूर के रैली ग्राउंड पर 27 हजार से ज्यादा लोग जमा हो गए। भीड़ का तांता देखकर किसी को यकीन ही नहीं हो रहा था।

भीड़ का इंतजार और खराब मैनेजमेंट

अधिकारियों ने बताया कि रैली की प्लानिंग दोपहर 3 बजे से रात 10 बजे तक की थी, लेकिन सुबह 11 बजे से ही लोगों का सैलाब उमड़ पड़ा। विजय का इंतजार करते-करते कई लोगों का बुरा हाल हो गया। भूख और प्यास से परेशान होकर लोग तड़पने लगे। सुरक्षा के लिहाज से पुलिस ने मौके पर 500 पुलिसकर्मियों को तैनात किया था।

विजय ने भी पुलिस के काम की तारीफ की, लेकिन उन्होंने साफ कहा कि पार्टी के कैडर को ही इस कुप्रबंधन की जिम्मेदारी लेनी होगी। उनका मानना है कि इतनी बड़ी भीड़ के लिए उतने ही पुलिसकर्मी तैनात करना नामुमकिन है। तमिलनाडु के डीजीपी ने कहा कि भगदड़ की असली वजह जांच के बाद ही साफ होगी। इसके लिए एक सदस्यीय आयोग भी गठित कर दिया गया है।

रैली में क्या हुआ था

बता दें कि विजय ने 2024 में ही तमिलगा वेत्री कजगम नाम से अपनी पार्टी लॉन्च की है। तीन दशक से तमिल सिनेमा के सुपरस्टार रहे विजय की ये राजनीतिक एंट्री लोगों के लिए बड़ा आकर्षण बनी हुई है। रैली में शाम 7 बजकर 30 मिनट के आसपास विजय ने अपना भाषण शुरू किया ही था कि अचानक भगदड़ मच गई। सुबह से इंतजार कर रहे लोग भयंकर उमस और गर्मी से बेहोश होने लगे।

कई बच्चे और महिलाएं जमीन पर गिर पड़ीं। विजय ने फौरन भाषण रोक दिया और लोगों को पानी की बोतलें बांटने का इशारा किया। उन्होंने पुलिसकर्मियों से भी अपील की कि स्थिति को काबू में करें।

तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने बताया कि अब तक 39 लोगों की मौत हो चुकी है, जिनमें 13 पुरुष, 17 महिलाएं, 4 बच्चे और 5 बच्चियां शामिल हैं। सरकार ने मरने वालों के परिवारों को 10 लाख रुपये की आर्थिक मदद देने का ऐलान किया है। ये घटना राजनीतिक रैलियों के मैनेजमेंट पर सवाल खड़े कर रही है।

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