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‘UCC की गंगा’ पूरे देश में बहे: उत्तराखंड कॉन्क्लेव में बोले CM धामी, गिनाईं अपनी सरकार की बड़ी उपलब्धियां

By Rajat Sharma

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देहरादून। राजधानी के एक स्थानीय होटल में आयोजित ‘उत्तराखंड कॉन्क्लेव’ के मंच से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपनी सरकार का रिपोर्ट कार्ड पेश किया। मुख्यमंत्री ने दो टूक शब्दों में कहा कि देवभूमि अब केवल पर्यटन ही नहीं, बल्कि सुशासन और कड़े फैसलों के लिए भी जानी जा रही है। उन्होंने राज्य की नीतियों और भविष्य के ब्लूप्रिंट पर बेबाकी से जवाब दिए।

धामी ने भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता को अपनी सरकार की सबसे बड़ी जीत बताया। उन्होंने साफ किया कि सख्त नकल विरोधी कानून लागू होने के बाद अब मेधावी युवाओं का हक कोई माफिया नहीं मार सकता। मुख्यमंत्री के मुताबिक, अब तक 30,000 से अधिक युवाओं को सरकारी नियुक्तियां दी जा चुकी हैं, जो राज्य के इतिहास में एक बड़ा आंकड़ा है।

महिला सशक्तिकरण पर बात करते हुए मुख्यमंत्री ने ‘लखपति दीदी’ योजना का जिक्र किया। उन्होंने बताया कि 2.65 लाख महिलाओं को इस योजना के जरिए आर्थिक रूप से सशक्त बनाया जा चुका है। इसके साथ ही, राज्य सरकार ने 19,000 करोड़ रुपये से अधिक का जेंडर बजट प्रावधान कर महिलाओं की आत्मनिर्भरता की नींव रखी है।

समान नागरिक संहिता (UCC) पर मुख्यमंत्री का रुख बेहद स्पष्ट नजर आया। उन्होंने उत्तराखंड को इस दिशा में ‘टॉर्च बियरर’ बताते हुए कहा कि ‘UCC की गंगा’ अब देवभूमि से निकलकर पूरे देश में प्रवाहित होनी चाहिए। गौरतलब है कि उत्तराखंड सरकार ने हाल ही में UCC (संशोधन) अध्यादेश 2026 के जरिए विवाह और लिव-इन रिलेशनशिप में पहचान छिपाने या धोखाधड़ी करने वालों के खिलाफ और भी कड़े दंडात्मक प्रावधान जोड़ दिए हैं।

अंकित भंडारी मामले और कानून-व्यवस्था के सवाल पर धामी ने न्याय के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार निष्पक्ष जांच के लिए पूरी तरह गंभीर है और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। इसके साथ ही उन्होंने अग्निवीर योजना के तहत राज्य के युवाओं को भविष्य में मिलने वाली वरीयता और रोजगार के विशेष अवसरों का भी पूरा खाका खींचा।

मुख्यमंत्री ने आर्थिक मोर्चे पर राज्य की मजबूती का हवाला देते हुए बताया कि उत्तराखंड की प्रति व्यक्ति आय अब 2.73 लाख रुपये तक पहुंच गई है। उन्होंने पर्यटन, डिजिटल गवर्नेंस और धार्मिक स्थलों के पुनरुद्धार को अपनी प्राथमिकताओं में ऊपर रखा। धामी ने विश्वास जताया कि पारदर्शी भर्ती प्रणाली और नई औद्योगिक नीतियां उत्तराखंड को देश का अग्रणी राज्य बनाएंगी।

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