केदारनाथ धाम की पवित्रता से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं, सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो के बाद पुलिस ने लिया कड़ा संज्ञान
रुद्रप्रयाग : केदारनाथ धाम की पवित्रता और मर्यादा के साथ खिलवाड़ करने वालों पर उत्तराखंड पुलिस ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। सोशल मीडिया पर चर्चा बटोरने के चक्कर में मंदिर परिसर के पास पटाखे जलाकर जन्मदिन का जश्न मनाने वाले एक इंस्टाग्राम यूजर के खिलाफ पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है।
सोनप्रयाग कोतवाली में यह कार्रवाई ‘sumit_ke_blog’ नामक आईडी चलाने वाले सुमित और उसके साथियों के खिलाफ की गई है। पुलिस की सोशल मीडिया मॉनीटरिंग सेल ने एक वायरल वीडियो का संज्ञान लिया, जिसमें यह युवक अपने दोस्तों के साथ केदारनाथ मंदिर के बेहद करीब पटाखे फोड़ते हुए दिखाई दे रहा था।
वीडियो में आरोपी युवक खुद इस बात की पुष्टि कर रहा है कि वह अपने साथी का जन्मदिन मनाने के लिए इस पवित्र स्थान पर आतिशबाजी कर रहा है। हिमालय की गोद में स्थित इस ज्योतिर्लिंग परिसर में इस तरह का शोर-शराबा और कृत्य श्रद्धालुओं की आस्था को गहरी चोट पहुंचा रहा है, जिसके बाद पुलिस ने तत्काल एक्शन लिया।

रुद्रप्रयाग पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 353(3) के तहत मामला दर्ज किया है। उल्लेखनीय है कि इस नई धारा के तहत धार्मिक स्थल पर सार्वजनिक शांति भंग करने या धार्मिक भावनाओं को भड़काने वाले कृत्यों के लिए 5 साल तक की जेल और जुर्माने का प्रावधान है। पुलिस फिलहाल आरोपियों की पहचान और उनकी लोकेशन ट्रेस करने में जुटी है।
केदारनाथ में इस साल मोबाइल फोन और वीडियोग्राफी को लेकर पहले ही सख्त गाइडलाइंस लागू हैं। प्रशासन ने इस यात्रा सीजन से मंदिर के मुख्य परिसर में फोन ले जाने पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा रखा है, ताकि श्रद्धालु बिना किसी डिजिटल शोर के दर्शन कर सकें। इसके बावजूद कुछ लोग सुरक्षा घेरे को चकमा देकर रील बनाने और ऐसी हरकतों से बाज नहीं आ रहे हैं।
रुद्रप्रयाग की पुलिस अधीक्षक (SP) ने तीर्थयात्रियों से अपील की है कि वे धामों की मर्यादा का सम्मान करें। पुलिस ने साफ चेतावनी दी है कि केदारघाटी में रील बनाने या मर्यादित आचरण न करने वालों पर न केवल फोन जब्त करने की कार्रवाई होगी, बल्कि उन्हें जेल की हवा भी खानी पड़ सकती है। सोशल मीडिया पर पुलिस की टीम 24 घंटे हर संदिग्ध गतिविधि पर नजर रख रही है।






