ITR Filing Deadline : ITR (Income Tax Return) फाइल करने की आखिरी तारीख 15 सितंबर 2025 अब सिर पर आ गई है, लेकिन इस वित्तीय वर्ष 2024-25 के लिए रिटर्न दाखिल करने की स्पीड अभी भी काफी सुस्त है। बता दें कि 7 सितंबर तक 13.35 करोड़ रजिस्टर्ड करदाताओं में से केवल 4.89 करोड़ ने ही अपना ITR (Income Tax Return) फाइल किया है।
इनमें से भी 4.63 करोड़ रिटर्न वेरिफाई हो पाए हैं और सिर्फ 3.35 करोड़ रिटर्न ही प्रोसेस हो चुके हैं। ये आंकड़े देखकर करदाताओं के बीच चिंता की लहर दौड़ रही है। कई लोग सोच रहे हैं कि आयकर विभाग (Income Tax Department) शायद समय सीमा बढ़ा देगा, क्योंकि हालात इतने मुश्किल हैं।
क्यों हो रही है डेडलाइन बढ़ाने की मांग?
इस बार ITR (Income Tax Return) फाइलिंग की अंतिम तारीख बढ़ाने की मांग तेज हो गई है। वजहें कई हैं, लेकिन सबसे बड़ी मुसीबत आयकर विभाग (Income Tax Department) के ऑनलाइन पोर्टल से जुड़ी है। कई करदाता और प्रोफेशनल्स ने लॉगिन करने और ई-फाइलिंग के दौरान बार-बार तकनीकी गड़बड़ियों की शिकायत की है।
इसके अलावा, वार्षिक सूचना विवरण (AIS – Annual Information Statement) और फॉर्म 26एएस (Form 26AS) में वित्तीय आंकड़ों का तालमेल न होने से करदाताओं को डेटा समझने और ITR (Income Tax Return) फाइल करने में भारी दिक्कत हो रही है।
बिजनेस टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, चार्टर्ड अकाउंटेंट्स एसोसिएशन, सूरत (CAAS – Chartered Accountants Association, Surat) और फेडरेशन ऑफ कर्नाटक चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (FKCCI – Federation of Karnataka Chambers of Commerce and Industry) जैसे व्यापारिक संगठन भी इन परेशानियों से चिंतित हैं।
उन्होंने कहा है कि इस साल ITR (Income Tax Return) फाइल करने का काम पहले से कहीं ज्यादा मुश्किल और समय लेने वाला हो गया है। AIS (Annual Information Statement) और Form 26AS (Form 26AS) में डेटा मिसमैच की वजह से कई लोग घंटों पोर्टल पर फंसे रहते हैं, लेकिन फिर भी काम पूरा नहीं हो पाता।
तकनीकी परेशानियों और नए नियमों ने बढ़ाया बोझ
इस बार ITR (Income Tax Return) फॉर्म और यूटिलिटीज में कई बड़े बदलाव किए गए हैं, जिससे करदाताओं के लिए रिटर्न फाइल करना और भी जटिल हो गया है। नए ऑडिट रिपोर्ट फॉर्मेट ने भी अकाउंटेंट्स और प्रोफेशनल्स पर अतिरिक्त दबाव डाला है। ऐसे में समय की किल्लत के कारण ज्यादातर टैक्सपेयर्स और प्रोफेशनल्स रिपोर्टिंग का काम पूरा नहीं कर पा रहे हैं।
यही वजह है कि वे केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT – Central Board of Direct Taxes) से ITR (Income Tax Return) फाइल करने की अंतिम तिथि बढ़ाने की अपील कर रहे हैं। पोर्टल पर लगातार होने वाली गड़बड़ियां, जैसे लॉगिन फेल होना या AIS (Annual Information Statement) डाउनलोड न होना, ने सबको परेशान कर रखा है। CBDT (Central Board of Direct Taxes) को इन शिकायतों पर तुरंत ध्यान देना चाहिए।
क्या 15 सितंबर की तारीख बढ़ेगी?
फाइनेंशियल एक्सप्रेस की खबर के अनुसार, टैक्स एक्सपर्ट्स और चार्टर्ड अकाउंटेंट्स को लगता है कि सरकार ITR (Income Tax Return) फाइलिंग की समय सीमा को बढ़ा सकती है। खासकर उन करदाताओं के लिए जिनका ऑडिट नहीं होता, 15 सितंबर की डेडलाइन थोड़ी टफ लग रही है। AIS (Annual Information Statement) और Form 26AS (Form 26AS) की दिक्कतें अभी भी बरकरार हैं, इसलिए एक्सटेंशन की उम्मीद बनी हुई है।
लेकिन अभी तक CBDT (Central Board of Direct Taxes) की ओर से कोई आधिकारिक ऐलान नहीं हुआ है। अगर आपने अभी तक ITR (Income Tax Return) फाइल नहीं किया, तो जल्दी से पोर्टल चेक करें और जरूरी डॉक्यूमेंट्स तैयार रखें। देर न करें, वरना पेनल्टी लग सकती है!











