देश विदेश क्राइम उत्तराखंड मनोरंजन बिज़नेस ऑटो टेक्नोलॉजी खेल धर्म हेल्थ लाइफस्टाइल ई - पेपर

देहरादून में ‘ऑपरेशन कालनेमि’ का बड़ा एक्शन, वशीकरण का झांसा देने वाले दो शातिर ठग गिरफ्तार

By Rajat Sharma

Published on:

दून पुलिस का बड़ा खुलासा: वशीकरण और तंत्र-मंत्र के नाम पर ठगी करने वाले दो आरोपी गिरफ्तार

  • वशीकरण के नाम पर ठगी: फर्जी आधार कार्ड और एटीएम के साथ दो शातिर गिरफ्तार

देहरादून (रजत शर्मा)। उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में पुलिस ने अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत एक बड़े फर्जीवाड़े का खुलासा किया है। कोतवाली पटेलनगर क्षेत्र में पुलिस ने ‘ऑपरेशन कालनेमि’ के तहत वशीकरण और तंत्र-मंत्र का ढोंग कर भोले-भाले लोगों को ठगने वाले दो शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी पश्चिमी उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं और सोशल मीडिया पर विज्ञापन देकर लोगों को अपनी ठगी का शिकार बनाते थे। पुलिस ने इनके कब्जे से फर्जी दस्तावेज, एटीएम कार्ड और अन्य सामान बरामद किया है।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून प्रमेंद्र सिंह डोभाल के निर्देशों पर जिलेभर में संदिग्धों और आपराधिक पृष्ठभूमि के लोगों के खिलाफ सत्यापन अभियान चलाया जा रहा है। इसी कड़ी में 12 अक्टूबर की रात्रि को कोतवाली पटेलनगर पुलिस को सूचना मिली थी कि चमन विहार क्षेत्र में कुछ लोग फर्जी दस्तावेजों के सहारे किराए पर रहकर ठगी का धंधा चला रहे हैं। सूचना पर कार्रवाई करते हुए पुलिस टीम ने आशियाना होम्स में औचक छापेमारी की और दो संदिग्धों को हिरासत में लिया। पूछताछ के बाद पुलिस ने आरोपियों की पहचान शाहरुख (निवासी मुजफ्फरनगर) और सलमान (निवासी शामली, उत्तर प्रदेश) के रूप में की। तलाशी के दौरान इनके पास से फर्जी आधार कार्ड, पैन कार्ड, विभिन्न बैंकों के एटीएम और पासबुक बरामद हुए।

पुलिस की शुरुआती पूछताछ में सामने आया है कि दोनों आरोपी पिछले डेढ़ महीने से पटेलनगर के चमन विहार में किराए पर रह रहे थे। ये लोग खुद को वशीकरण विशेषज्ञ, ज्योतिषाचार्य और तांत्रिक बताकर विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर विज्ञापन प्रसारित करते थे। विज्ञापनों में अपनी पहचान छिपाकर केवल मोबाइल नंबर दिए जाते थे, जिसके जरिए लोग इनसे संपर्क करते थे। आरोपी पारिवारिक और अन्य समस्याओं को तंत्र विद्या और सिद्धि अनुष्ठानों से दूर करने का झूठा वादा कर लोगों से ऑनलाइन और अन्य माध्यमों से पैसे ऐंठते थे। ठगी की रकम को ठिकाने लगाने के लिए इन्होंने अपने और अन्य साथियों के नाम पर फर्जी पतों से बैंक खाते भी खुलवाए थे।

दोनो आरोपियों के खिलाफ कोतवाली पटेलनगर में भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस जांच में यह चौंकाने वाला तथ्य सामने आया है कि ये शातिर ठग अब तक 100 से अधिक लोगों को अपनी ठगी का शिकार बना चुके हैं। पुलिस अब इनके अन्य साथियों और बैंक खातों की गहनता से जांच कर रही है ताकि इस गिरोह से जुड़े अन्य चेहरों को भी बेनकाब किया जा सके। दून पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर दिखने वाले ऐसे फर्जी तांत्रिकों और बाबाओं के झांसे में न आएं तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत नजदीकी थाने को दें।

Leave a Comment