आपको बता दें कि यूपी के कई शहरों, दिल्ली-एनसीआर समेत अन्य राज्यों से भारी संख्या में शिव भक्त कांवड़ लेकर उत्तराखंड पहुंचते हैं।
हरिद्वार के गंगा घाटों से जल लेकर वह पुन: अपने शहर की ओर रवाना होते हैं। कांवड़ यात्रा के लिए गंगा घाटों में जल पुलिस की भी तैनाती की गई है। यात्राकाल में शिवभक्तों की सुरक्षा के साथ यातायात को भी सुचारु रखने के लिए प्लान बनाया गया है।
कांवड़ मेले से पहले ही हाईवे पर उमड़े शिवभक्त
कांवड़ मेले का आगाज 22 जुलाई से होना है लेकिन इससे पहले ही कांवड़िये गंगाजल भरकर अपने गंतव्य को रवाना होने लगे हैं। सुबह से ही कांवड़िये हाईवे पर चलने शुरू हो गए। हरिद्वार-रुड़की हाईवे मार्ग भोले बम के जयकारों से गुंजायमान हो गया।
कांवड़ मेले से पूर्व ही हाईवे पर कांवड़ियों की काफी भीड़ चलने लगी है। कांवड़ मेले की तैयारियों को लेकर जिला प्रशासन, पुलिस, स्वास्थ्य विभाग और नगर निगम अपने स्तर पर तैयारी में लगा हुआ है। प्रशासन भी इस बार पिछले वर्ष से अधिक कावंड़ियों के आने की संभावना बता रहा है।
ड्रोन से भी होगी शिव भक्तों की निगहबानी
टिहरी पुलिस के मुनिकीरेती और आसपास के क्षेत्र को कांवड़ यात्रा के लिए पांच सुपर जोन, छह जोन और 10 सेक्टर में बांटा गया है। यहां दो सीओ की अगुवाई में करीब 550 पुलिसकर्मियों को यात्रा में सुरक्षा व्यवस्था के लिए तैनात किया गया है। एसएसपी नवनीत भुल्लर की निगरानी में पूरा कांवड़ यात्रा संपन्न होनी है। शिवभक्तों की सुरक्षा के लिए नीलकंठ में दो ड्रोन कैमरों से भी शिवभक्तों की निगहबानी की जाएगी।
नीलकंठ में 2500 जवान रहेंगे तैनात
नीलकंठ मेला क्षेत्र को पौड़ी पुलिस ने एक सुपर जोन, सात जोन और 23 सेक्टर में विभाजित किया है। यात्रा में शिवभक्तों की सुरक्षा और ट्रैफिक की जिम्मेदारी दो एएसपी समेत करीब 2500 पुलिसकर्मियों को दी गई है। पुलिस के अलावा एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीमें भी मेला क्षेत्र में तैनात की गई हैं। एसएसपी लोकेश्वर सिंह ने यात्राकाल में ड्यूटी के दौरान पुलिसकर्मियों को सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं।
ऋषिकेश में 2 दो जोन और 11 सेक्टर बनाए
कांवड़ यात्रा में ऋषिकेश व सटे थाना क्षेत्रों के इलाकों को दो जोन व 11 सेक्टर में बांटा गया है। यहां 300 पुलिसकर्मियों की तैनाती सुरक्षा और यातायात व्यवस्था के लिए की गई है। सीओ संदीप नेगी के मुताबिक एसपी देहात लोकजीत सिंह यात्राकाल में क्षेत्र में निगरानी के लिए रहेंगे।
बम स्क्वॉयड और एटीएस की की टीमें भी तैनात
कांवड़ यात्रा में पुलिस ने मुनिकीरेती और नीलकंठ क्षेत्र में बम स्क्वॉयड और एटीएस की टीमें भी तैनात की हैं। सभी टीमों को अलर्ट रहने की सख्त हिदायत भी दी गई है।
हरिद्वार में 14 सुपर और 36 जोन
हरिद्वार। प्रशासन की ओर से मेले के लिए 14 सुपर जोन, 36 जोन के साथ ही 130 सेक्टर बनाए गए है। इसके अलावा 13 पार्किंग बनाई गई है, जिनकी क्षमता 50 हजार रहेगी। मेला क्षेत्र में 334 सीसीटीवी से निगरानी की जाएगी, जो लगातार पुलिस की नजर में रहेंगे।
पार्किंग की भी व्यवस्था
हरिद्वार पुलिस-प्रशासन की ओर से कांवड़ियों के लिए पार्किंग की भी व्यवस्था की गई है। गाड़ियों के आने वाले शिव भक्तों के लिए हरिद्वार के गंगा घाटों के पास ही पार्किंग की व्यवस्था की गई है।
यहां हैं पार्किंग
- मोतीचूर पार्किंग- 15000 भारी वाहन
- सर्वानंद 200 हल्के1000 दुपहिया
- पंतद्वीप पार्किंग- 3500 हल्के वहान
- धोबीघाट पार्किंग- 150 हल्के वाहन
- रोड़ीबेल वाला 800 दुपहिया वाहन
- अलकनंदा 800 दुपहिया वाहन
- ऋषिकुल मैदान- 500 भारी वाहन
- हरिराम इंटर कॉलेज-100 भारी वाहन
ये भी दिए दिशा-निर्देश
- सभी पुलिसकर्मी अपनी ड्यूटी को निष्ठा के साथ निभाएं।
- कांवड़ियों के साथ ड्यूटी के दौरान मधुर व्यवहार रखें।
- पार्किंग में वाहनों को पार्क कराने के साथ आवश्यक सुविधाएं भी हों।
- कांवड़ यात्रा मार्गों पर अस्थायी दुकानदारों और बाहरी व्यावसायियों का सत्यापन करें।
- टिहरी, पौड़ी, देहरादून पुलिस आपसी समन्वय कर भीड़ और ट्रैफिक का बेहतर प्रबंधन करें।







