चमोली (प्रदीप लखेड़ा )। चमोली जनपद की निजमूला घाटी से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहाँ रविवार देर रात भारी गर्जना के साथ हुई आकाशीय बिजली की चपेट में आने से भेड़पालकों को भारी आर्थिक क्षति पहुंची है। घाटी के भनाली तोक में बिजली गिरने से एक दर्जन से अधिक पशुपालकों की 400 से अधिक बकरियों की मौके पर ही मौत हो गई।
निजमूला घाटी के ऊंचे बुग्याली क्षेत्रों में इन दिनों भेड़पालक अपने मवेशियों के साथ डेरा डाले हुए हैं। बीती रात क्षेत्र में मौसम ने अचानक करवट ली और तेज बारिश के साथ बिजली चमकने लगी। इसी दौरान भनाली तोक में आसमानी बिजली सीधे उस स्थान पर जा गिरी जहाँ भेड़पालकों ने अपनी बकरियों को झुंड में रखा था।
इस दैवीय आपदा में पशुपालक हुकम सिंह, मदन लाल सहित अन्य ग्रामीणों को भारी नुकसान उठाना पड़ा है। कई परिवारों के लिए ये बकरियां ही आजीविका का एकमात्र साधन थीं। अचानक हुई इस घटना से पूरी घाटी में शोक की लहर है।
हुकम सिंह ने बताया बिजली इतनी जोरदार थी कि हमें संभलने का मौका ही नहीं मिला। देखते ही देखते हमारी आंखों के सामने पूरी बकरियों (झुंड) ढेर हो गई।”
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने प्रशासन से मौके पर पहुंचकर नुकसान का आकलन करने की मांग की है। प्रभावित पशुपालकों ने सरकार से उचित मुआवजे की गुहार लगाई है ताकि वे इस आर्थिक सदमे से उबर सकें।






