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Rose Vastu Tips : जानिए वास्तु शास्त्र की नजर में गुलाब की सुगंध का रहस्य और जीवन में इसके लाभ

By Rajat Sharma

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Rose Vastu Tips : फूलों में गुलाब का स्थान हमेशा विशेष माना गया है। वास्तु शास्त्र के अनुसार, गुलाब न केवल सुंदरता और कोमलता का प्रतीक है, बल्कि यह घर में सकारात्मक ऊर्जा, प्रेम और समृद्धि लाने की क्षमता भी रखता है।

इसकी प्राकृतिक सुगंध, चमकते रंग और सात्त्विकता घर के वातावरण को तुरंत बदल देती है। जब घर में गुलाब का फूल रखा जाता है, तो यह मानसिक संतुलन, सुख और समृद्धि के मार्ग को खोलता है।

गुलाब की सुगंध और सकारात्मक ऊर्जा

गुलाब की खुशबू घर के वातावरण में शांति और सौम्यता भर देती है। वास्तु मान्यताओं के अनुसार, गुलाब नकारात्मक ऊर्जा को दूर करता है और सकारात्मक ऊर्जा को आकर्षित करता है।

यदि आप अपने ड्राइंग रूम, लिविंग रूम या अतिथि कक्ष में गुलाब के फूल रखें, तो माहौल हल्का, मनोहर और ऊर्जा से परिपूर्ण बन जाता है। इसकी मौजूदगी न केवल मानसिक तनाव को कम करती है, बल्कि घर में सहजता और आत्मिक संतोष भी लाती है।

रिश्तों में मिठास और प्रेम

गुलाब प्रेम, सौंदर्य और कोमलता का प्रतीक है। शयनकक्ष में लाल या गुलाबी गुलाब रखने से दांपत्य जीवन में सामंजस्य बढ़ता है।

यह नकारात्मक विचारों को दूर करता है और मन को शांत रखता है। गुलाब का रंग और खुशबू दोनों ही भावनात्मक ऊर्जा को सक्रिय करते हैं, जिससे रिश्तों में मधुरता और स्थिरता आती है।

देवी लक्ष्मी के अनुसार गुलाब

धार्मिक और वास्तु मान्यताओं में माना गया है कि मां लक्ष्मी को गुलाब का फूल अत्यंत प्रिय है। लाल और गुलाबी गुलाब विशेष रूप से धन और समृद्धि को आकर्षित करने वाला माना जाता है।

यदि घर के उत्तर-पूर्व या उत्तर दिशा में रोज ताजे गुलाब रखे जाएँ, तो सौभाग्य, अवसर और धन की वृद्धि में मदद मिलती है। गुलाब की सुगंध और ऊर्जा घर में शुभता का संचार करती है और सकारात्मक वातावरण तैयार करती है।

गुलाब के फूल कहाँ और कैसे रखें

गुलाब के फूल रखने का तरीका भी वास्तु में महत्वपूर्ण माना जाता है। उत्तर-पूर्व, उत्तर या पूर्व दिशा में गुलाब रखना अत्यंत शुभ माना जाता है। शयनकक्ष में हल्के रंग, लाल या गुलाबी गुलाब रखना लाभकारी होता है।

सफेद गुलाब ध्यान कक्ष, मंदिर या प्रार्थना स्थल में रखने से मानसिक शांति और आध्यात्मिक ऊर्जा बढ़ती है, लेकिन बच्चों के अध्ययन कक्ष में सफेद गुलाब नहीं रखना चाहिए क्योंकि यह पढ़ाई की ऊर्जा को धीमा कर सकता है।

बच्चों के कमरे में पीले गुलाब रखना अच्छा माना गया है। पीला रंग आनंद, उत्साह और मानसिक जागरूकता बढ़ाता है, जिससे बच्चों का मूड और ऊर्जा सकारात्मक रहती है।

गुलाब के फूल हमेशा ताजे रखने चाहिए और मुरझाए फूल तुरंत हटा देने चाहिए। ऐसा करने से घर में नकारात्मक ऊर्जा प्रवेश नहीं कर पाती और वातावरण हमेशा साफ-सुथरा और सकारात्मक बना रहता है।

वास्तु शास्त्र में गुलाब का फूल न केवल घर की सुंदरता बढ़ाता है, बल्कि यह सकारात्मक ऊर्जा, प्रेम और समृद्धि का भी प्रतीक है। सही दिशा और रंग में रखे गए गुलाब के फूल मानसिक शांति, भावनात्मक संतुलन और घर की खुशहाली में वृद्धि करते हैं।

इसलिए अपने घर के हर कोने में ताजे गुलाब के फूल रखें और देखें कि कैसे घर का वातावरण और आपके रिश्ते बदलते हैं।

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