देश विदेश क्राइम उत्तराखंड मनोरंजन बिज़नेस ऑटो टेक्नोलॉजी खेल धर्म हेल्थ लाइफस्टाइल ई - पेपर

Aaj Ka Panchang : 18 नवंबर को ये नक्षत्र लाएंगे धन-समृद्धि, जानिये कौन से घंटे रहेंगे अति शुभ

By Rajat Sharma

Updated on:


Advertisement

Aaj Ka Panchang 18 November 2025 : हिंदू परंपरा में हर दिन की शुरुआत पंचांग से होती है, जो तिथि, नक्षत्र और मुहूर्त के जरिए जीवन की दिशा तय करता है। कल, 18 नवंबर 2025 को मार्गशीर्ष मास का कृष्ण पक्ष चल रहा होगा। यह मंगलवार का दिन है, जब मंगल ग्रह का प्रभाव प्रमुख रहता है।

अगर आप पूजा-अर्चना या कोई महत्वपूर्ण काम की योजना बना रहे हैं, तो आज का पंचांग आपकी राह आसान बना सकता है। दिल्ली समयानुसार, सूर्योदय सुबह 6 बजकर 45 मिनट पर होगा, जबकि सूर्यास्त शाम 5 बजकर 25 मिनट को। चंद्रमा तुला राशि में गोचर करेगा, जो संतुलन और निर्णय लेने में मददगार साबित हो सकता है।

तिथि और नक्षत्र 

18 नवंबर को कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि प्रबल रहेगी, जो सुबह 7 बजकर 12 मिनट तक चलेगी। उसके बाद चतुर्दशी का आरंभ होगा। त्रयोदशी को वृद्धि तिथि कहा जाता है, इसलिए दान-पुण्य या धार्मिक अनुष्ठान के लिए यह समय अनुकूल है। नक्षत्र की बात करें तो स्वाति नक्षत्र दिन भर प्रभावी रहेगा, जो सुबह 5 बजकर 1 मिनट से शुरू होकर अगले दिन तक चलेगा।

स्वाति का स्वामी राहु है, लेकिन यह नक्षत्र व्यापार और यात्रा के लिए सकारात्मक ऊर्जा देता है। योग की दृष्टि से आयुष्मान योग सुबह 8 बजकर 8 मिनट तक रहेगा, जो स्वास्थ्य और स्थिरता का प्रतीक है। अगर आपका कोई व्रत या जप है, तो यह योग आपकी एकाग्रता बढ़ा सकता है।

शुभ मुहूर्त 

दिन के शुभ मुहूर्तों में अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12 बजे से 12 बजकर 48 मिनट तक रहेगा। यह समय विवाह, गृह प्रवेश या कोई नया प्रोजेक्ट शुरू करने के लिए सर्वोत्तम माना जाता है। ब्रह्म मुहूर्त सुबह 4 बजकर 30 मिनट से 5 बजकर 15 मिनट तक चलेगा, जो ध्यान-ध्यान के लिए आदर्श है। अमृत काल दोपहर 2 बजकर 20 मिनट से 4 बजकर 5 मिनट तक रहेगा, जब कोई भी शुभ कार्य बिना रुकावट के पूरा हो सकता है।

चौघड़िया के अनुसार, दिन का पहला शुभ चौघड़िया सुबह 7:30 से 9 बजे तक लब्ध होगा, जो लाभदायक रहेगा। दोपहर में चुल्लव चौघड़िया 12 से 1:30 बजे तक अच्छा साबित होगा। अगर आप घर से बाहर निकल रहे हैं, तो इन समयों का ख्याल रखें।

राहुकाल और अशुभ समय 

हर पंचांग में अशुभ कालों का जिक्र जरूरी होता है, ताकि लोग अपनी योजनाओं को उसके हिसाब से ढाल सकें। 18 नवंबर को राहुकाल दोपहर 3 बजे से 4 बजकर 30 मिनट तक रहेगा। इस दौरान कोई नया काम शुरू न करें, खासकर मंगलवार को इसका प्रभाव थोड़ा ज्यादा महसूस हो सकता है। यमगंड दोपहर 9 बजे से 10:30 बजे तक और गुलिक काल सुबह 1:30 से 3 बजे तक रहेगा।

दुर्मुहूर्त दोपहर 1:30 से 2:20 बजे तक है, इसलिए महत्वपूर्ण फैसले टाल दें। वर्ज्यम काल सुबह 10:45 से 12:20 बजे तक रहेगा, जो यात्रा या खरीदारी के लिए अनुपयुक्त है।

दैनिक जीवन में पंचांग का महत्व

पंचांग सिर्फ धार्मिक किताब नहीं, बल्कि रोजमर्रा की जिंदगी का नक्शा है। मार्गशीर्ष मास में कृष्ण पक्ष चलते हुए त्रयोदशी जैसे दिन हमें याद दिलाते हैं कि छोटे-छोटे अनुष्ठान भी जीवन को संतुलित रखते हैं। चाहे आप किसान हों, व्यापारी या नौकरीपेशा, इन मुहूर्तों का पालन करने से मन को शांति मिलती है।

याद रखें, पंचांग स्थानीय समय और स्थान पर थोड़ा बदल सकता है, इसलिए अपने शहर के हिसाब से जांच लें। कल का यह दिन सामान्य से थोड़ा अधिक सकारात्मक लग रहा है, खासकर जो लोग दान या सेवा के कार्यों में जुटे हैं। अगर आपका कोई विशेष प्लान है, तो शुभ समय का इंतजार करें – फल निश्चित रूप से मीठा मिलेगा।

Leave a Comment