चावल अच्छा है तो अधिकारी खाकर दिखाये : राशन डीलर

गुणवत्ता पर खुद राशन डीलरों ने उठाए सवाल

देहरादून। सरकारी राशन के कोटे में इस बार जो चावल आया है, उस की गुणवत्ता पर खुद राशन डीलरों ने सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि चावल में गंदगी बहुत है। अगर अफसरों को लगता है कि चावल अच्छा है तो वह खुद इसे खाकर दिखाएं। राशन डीलरों ने सितंबर महीने का राशन गोदाम से उठाना शुरू कर दिया है।

जो चावल आया है, उसने राशन डीलरों की चिंता बढ़ा दी है। उनका आरोप है कि चावल काफी खराब है। अब लोग दुकान में अपने कार्ड का चावल लेने आएंगे तो वह खराब चावल को लेकर दस बातें कहना शुरू कर देंगे।

कई तो झगड़ा करने पर उतर आते हैं। उत्तराखंड सरकारी सस्ता गल्ला विक्रेता परिषद के अध्यक्ष जितेंद्र गुप्ता कहते हैं कि खराब चावल डीलरों के यहां कोई पहली बार नहीं आई है। पहले भी ऐसा होता आया है। राशन डीलर राकेश महेंद्रू और संजय अग्रवाल ने कहा कि अफसरों को पहले देखना चाहिए कि वह लोगों कैसा राशन पहुंचा रहे हैं। वह इसे लेकर डीएम से मिलेंगे।

अगर किसी डीलर के पास गलती से स्विपिंग वाली बोरी आ गई है तो वह उसे वापस लौटा सकते हैं। पहले भी इस तरह के राशन वापस किया जाता रहा है। पांच से छह दिन में साढ़े चार सौ दुकानों को इस बार राशन देने का लक्ष्य रखा गया है। इस आपाधापी में हो सकता है किसी डीलर के यहां स्विपिंग वाले चावल चले गए हों।

– हरेंद्र सिंह रावत, वरिष्ठ विपणन अधिकारी

Leave A Reply

Your email address will not be published.