आक्रोशित तीर्थपुरोहितों ने भेजा राष्ट्रपति और प्रदेश सीएम को खून से लिखा पत्र

रुद्रप्रयाग। केदारनाथ में तीर्थपुरोहितों का देवस्थानम बोर्ड को भंग करने की मांग को लेकर चल रहा धरना प्रदर्शन अब क्रमिक अनशन में तब्दील हो गया है। मंगलवार को आक्रोशित तीर्थपुरोहितों ने राष्ट्रपति और प्रदेश के मुख्यमंत्री को खून से लिखा पत्र भेजा। पत्र में उन्होंने कहा कि शीघ्र देवस्थानम बोर्ड को भंग किया जाए साथ ही केदारनाथ में पौराणिक काल से चली आ रही परम्पराओं के साथ छेडछाड़ बंद की जाए।

हर रोज की तरह नारेबाजी करते हुए तीर्थपुरोहितों मंगलवार से क्रमिक अनशन शुरू कर दिया। तीर्थपुरोहित साकेत बगवाड़ी ने राष्ट्रपति और नितिन बगवाड़ी ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को खून से लिखा पत्र भेजा। केदारसभा के अध्यक्ष विनोद शुक्ला की मौजूदगी में खून से लिखा पत्र राष्ट्रपति और सीएम को भेजा गया।

पत्र में तीर्थपुरोहितों ने लिखा कि पौराणिक काल से केदारनाथ में तीर्थपुरोहितों के हक-हकूक से जुड़े कई अधिकार हैं। यहां की परम्परा के साथ लगातार छेड़छाड़ की जा रही है। जो किसी भी दशा में बर्दास्त नहीं की जाएगी।

उन्होंने शीघ्र देवस्थानम बोर्ड को भंग करने की मांग की।साथ ही ऐसा न करने पर आंदोलन को और भी उग्र करने की चेतावनी दी। इस मौके पर केदारसभा के अध्यक्ष विनोद शुक्ला, आचार्य संतोष त्रिवेदी, कुबेरनाथ पोस्ती, नितिन बगवाड़ी, प्रदीप शर्मा, सावन बगवाड़ी, प्रकाश चन्द्र तिनसौला, रमाकांत शर्मा सहित कई तीर्थपुरोहित मौजूद थे।

Leave A Reply

Your email address will not be published.